जल संरक्षण को जन आंदोलन बनाने पर जोर, वृक्षारोपण और जनभागीदारी का लिया संकल्प
चूरू । जिला परिषद सभागार में मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा के निर्देशन में संचालित “वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान” के तहत जिला स्तरीय कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला का उद्देश्य जल संरक्षण, पर्यावरण सुरक्षा और जन जागरूकता को बढ़ावा देना रहा।कार्यशाला का पर्यवेक्षण कर रहीं एडीएम अर्पिता सोनी ने जन सहभागिता से अभियान को सफल बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जल संरक्षण को दैनिक जीवन की आदत बनाना समय की आवश्यकता है। साथ ही वर्षा जल संचयन, जल के विवेकपूर्ण उपयोग और पर्यावरण संरक्षण गतिविधियों में आमजन की सक्रिय भागीदारी पर जोर दिया।सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के अनुसार राज्य सरकार द्वारा 25 मई से 5 जून 2026 तक यह अभियान चलाया जा रहा है, ताकि जल संरक्षण को जन आंदोलन का रूप दिया जा सके।उद्योग महाप्रबंधक नानू राम गहनोलिया ने अभियान की रूपरेखा और उद्देश्यों की जानकारी देते हुए कहा कि जल संरक्षण के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने के लिए विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं।कार्यशाला में विश्वकर्मा उद्योग संघ चूरू के अध्यक्ष धर्मेंद्र बुडानिया, लघु उद्योग भारती के प्रांतीय सदस्य दौलतंवर सहित अन्य उद्यमियों ने पंखा सर्किल से रीको औद्योगिक क्षेत्र तक सड़क किनारे वृक्षारोपण कराने का संकल्प लिया।वाटर शेड एक्सईएन विशाल भार्गव ने मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन अभियान 2.0 और सीएसआर के माध्यम से करवाए जाने वाले जल संरक्षण कार्यों की जानकारी देते हुए अधिकाधिक जन सहयोग का आह्वान किया।












