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तनाव के संकेतों को पहचानें, मन की बात साझा करें और समय पर मदद लें

झुंझुनूं में मानसिक स्वास्थ्य माह के तहत विद्यार्थियों को तनाव प्रबंधन की जानकारी देते विशेषज्ञ

राजकीय बीडीके अस्पताल के मनोरोग विशेषज्ञ डॉ. कपूर थालौर व डॉ. तुलसी शर्मा ने विद्यार्थियों को बताए तनाव प्रबंधन के उपाय, मानसिक स्वास्थ्य माह के तहत बीएससी नर्सिंग कॉलेज व सेठ मोतीलाल कॉलेज में जागरूकता कार्यक्रम हुआ

झुंझुनू।अजीत जांगिड़
मानसिक स्वास्थ्य माह अभियान के तहत जिले के दो शिक्षण संस्थानों में तनाव प्रबंधन, डिप्रेशन से बचाव एवं आत्महत्या रोकथाम को लेकर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रम में विद्यार्थियों एवं स्टाफ को मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं को समझने, तनाव के लक्षणों को समय रहते पहचानने और जरूरत पड़ने पर विशेषज्ञों से परामर्श लेने के लिए जागरूक किया गया।

राजकीय बीडीके अस्पताल के मनोरोग विशेषज्ञ डॉ. कपूर थालौर एवं डॉ. तुलसी शर्मा ने दोनों संस्थानों में विद्यार्थियों एवं स्टाफ से संवाद करते हुए तनाव प्रबंधन और मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी। उन्होंने तनाव से बचने, मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर रखने, डिप्रेशन के लक्षणों की पहचान तथा आत्महत्या की रोकथाम के संबंध में जागरूक किया। विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को तनाव से निपटने के व्यावहारिक उपाय भी बताए तथा मानसिक परेशानी होने पर उसे छिपाने के बजाय समय रहते परिवार, शिक्षक अथवा विशेषज्ञ से बात करने के लिए प्रेरित किया।

बीएससी नर्सिंग कॉलेज में प्रिंसिपल डॉ. आबिदा खान की मौजूदगी में आयोजित कार्यक्रम में स्टाफ एवं विद्यार्थियों को कार्यस्थल पर तनाव प्रबंधन, डिप्रेशन से बचाव तथा तनाव के शुरूआती लक्षणों की पहचान के बारे में जानकारी दी गई। डॉ. कपूर थालौर एवं डॉ. तुलसी शर्मा ने मानसिक स्वास्थ्य को लेकर विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं और समस्याओं पर भी मार्गदर्शन दिया। इसके बाद सेठ मोतीलाल कॉलेज में प्रिंसिपल आर.एस. राठौड़, नेहरू युवा केंद्र की जिला कार्यक्रम अधिकारी मधु यादव, कॉलेज स्टाफ एवं विद्यार्थियों की मौजूदगी में जागरूकता कार्यक्रम हुआ।

यहां भी मनोरोग विशेषज्ञ डॉ. कपूर थालौर एवं डॉ. तुलसी शर्मा ने तनाव, डिप्रेशन एवं मानसिक स्वास्थ्य से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। कार्यक्रम के दौरान टेली-मानस हेल्पलाइन नंबर 14416 की जानकारी भी दी गई। बताया गया कि मानसिक स्वास्थ्य संबंधी परेशानी, तनाव या डिप्रेशन की स्थिति में हेल्पलाइन के माध्यम से विशेषज्ञों से परामर्श लिया जा सकता है। विद्यार्थियों को किसी गंभीर मानसिक परेशानी की स्थिति में समय रहते मदद लेने के लिए प्रेरित किया गया।

सीएमएचओ डॉ. छोटेलाल गुर्जर ने बताया कि मानसिक स्वास्थ्य माह अभियान के तहत जिलेभर में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इनका उद्देश्य बदलती जीवनशैली के कारण बढ़ रहे तनाव एवं डिप्रेशन के प्रति जागरूकता बढ़ाना, मानसिक स्वास्थ्य को लेकर संवाद को प्रोत्साहित करना तथा मानसिक परेशानी की स्थिति में समय पर सहायता लेने के लिए लोगों को प्रेरित करना है।

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