राहुल को फंसाने के लिए गढ़ी 2.15 लाख रूपए की लूट की झूठी वारदात, दो युवक गिरफ्तार
गोठड़ा। झुंझुनूं । अजीत जांगिड़
पुलिस थाना गोठड़ा ने सूझबूझ और त्वरित कार्रवाई करते हुए कथित लूट की एक झूठी वारदात का महज एक घंटे में पर्दाफाश कर दिया। पुरानी रंजिश के चलते एक युवक को झूठे मुकदमे में फंसाने के उद्देश्य से 2 लाख 15 हजार रूपए की लूट की मनगढ़ंत कहानी रची गई थी। पुलिस जांच में मामला पूरी तरह फर्जी पाए जाने पर दो युवकों को शांतिभंग के आरोप में गिरफ्तार किया गया। पुलिस अधीक्षक कावेन्द्र सिंह सागर के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक देवेन्द्र सिंह राजावत के मार्गदर्शन तथा वृताधिकारी नवलगढ़ सुगन सिंह के निकटतम सुपरविजन में थाना प्रभारी धर्मेन्द्र कुमार के नेतृत्व में गठित टीम ने यह कार्रवाई की। जानकारी के अनुसार 23 जून 2026 को पुलिस नियंत्रण कक्ष झुंझुनूं के माध्यम से गोठड़ा थाना पुलिस को सूचना मिली कि चारण की ढाणी क्षेत्र में एक ड्राइवर के साथ कैंपर गाड़ी में आए बदमाशों ने मारपीट कर 2 लाख 15 हजार रूपए लूट लिए हैं। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का गहन निरीक्षण किया। साथ ही आसपास के लोगों से पूछताछ तथा क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज का बारीकी से परीक्षण किया गया। प्रारंभिक जांच में ही पुलिस को सूचना संदिग्ध लगी। जब तथ्यों का सत्यापन किया गया तो कथित लूट और मारपीट की पूरी कहानी झूठी निकली। पुलिस की सख्त पूछताछ में सूचनाकर्ता आशीष कुमार ने स्वीकार किया कि उसकी राहुल निवासी मुकुंदगढ़ के साथ पुरानी रंजिश चल रही थी। इसी कारण उसे झूठे मामले में फंसाने के उद्देश्य से लूट की फर्जी कहानी बनाकर पुलिस को गुमराह करने का प्रयास किया गया।जांच के दौरान झूठी सूचना देने वाले व्यक्तियों ने उग्र एवं अशांतिपूर्ण व्यवहार भी किया, जिस पर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो युवकों को शांतिभंग के आरोप में गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियो में कैलाश पुत्र चिमनाराम (28 वर्ष) निवासी पबाना का बास, थाना मुकुंदगढ़ तथा आशीष कुमार पुत्र हरलाल (22 वर्ष) निवासी पबाना का बास, थाना मुकुंदगढ़ शामिल हैं I वहीं कार्रवाई करने वाली टीम में धर्मेन्द्र कुमार, थानाधिकारी, पुलिस थाना गोठड़ा , दारासिंह, सहायक उपनिरीक्षक , मनोहर कांस्टेबल और नरेन्द्र, चालक शामिल रहें I गोठड़ा पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की क्षेत्र में सराहना हो रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि झूठी सूचनाएं देकर पुलिस को गुमराह करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी, ताकि पुलिस संसाधनों का दुरूपयोग रोका जा सके।













