50 लाख की रंगदारी मांगने वाले गिरोह पर पुलिस का शिकंजा, दूसरा आरोपी राहुल उर्फ कालू गिरफ्तार

लीज संचालक को जान से मारने की धमकी देकर मांगी थी 50 लाख की फिरौती, मुख्य आरोपी पहले ही पुलिस गिरफ्त में

बगड़ I झुंझुनूं I अजीत जांगिड़
जिले के बगड़ थाना क्षेत्र में लीज संचालक से 50 लाख रूपये की रंगदारी मांगने और परिवार सहित जान से मारने की धमकी देने के चर्चित मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने मामले में फरार चल रहे दूसरे आरोपी राहुल उर्फ कालू को गिरफ्तार कर लिया है। इससे पहले मामले के मुख्य आरोपी एवं हार्डकोर हिस्ट्रीशीटर नितिश उर्फ नितेश उर्फ ब्लैक उर्फ कालू को गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस अधीक्षक कावेन्द्र सिंह सागर के निर्देश, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मुख्यालय देवेन्द्र सिंह राजावत के मार्गदर्शन तथा वृताधिकारी झुंझुनूं ग्रामीण हरिसिंह धायल के सुपरविजन में बगड़ थाना प्रभारी गोपाल सिंह थालोर के नेतृत्व में गठित टीम ने यह कार्रवाई की। पुलिस के अनुसार माखर निवासी अरविन्द कुमार ने 5 जून 2026 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि वह पहाड़ी क्षेत्र में पत्थर खनन की लीज पर कार्य करता है। 2 जून को उसके व्हाट्सएप नंबर पर आरोपियों ने संपर्क कर 50 लाख रूपये की रंगदारी मांगी। आरोपियों ने धमकी दी कि यदि रकम नहीं दी गई तो उसे और उसके परिवार को जान से मार दिया जाएगा। साथ ही पुलिस अथवा प्रशासन से शिकायत करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी भी दी गई।मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने विशेष टीमों का गठन कर आरोपियों की तलाश शुरू की। टीमों ने संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी तथा मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया। गोपनीय सूचना के आधार पर मुख्य आरोपी नितिश उर्फ ब्लैक को पहले ही गिरफ्तार कर लिया गया था। वहीं सोमवार को फरार चल रहे दूसरे आरोपी राहुल उर्फ कालू पुत्र सुरेश पुनिया निवासी माखर को भी दस्तयाब कर गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपी से पूछताछ जारी है और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी गहन जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी और कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।कार्रवाई में पुलिस टीम में गोपाल सिंह थालोर, पुलिस निरीक्षक एवं थानाधिकारी, बगड़ , हजारीलाल, सहायक उप निरीक्षक , सुशील कुमार, हेड कांस्टेबल , अन्तर सिंह, हेड कांस्टेबल , महेन्द्र कुमार, कांस्टेबल शामिल रहें । इस कार्रवाई में कांस्टेबल महेन्द्र कुमार की भूमिका विशेष रूप से सराहनीय रही।