झुंझुनूं में बाढ़ नियंत्रण कक्ष होगा सक्रिय, आपदा की हर सूचना पर होगी त्वरित कार्रवाई
झुंझुनूं I अजीत जांगिड़
आगामी मानसून सत्र 2026 को देखते हुए जिला प्रशासन ने जिले में संभावित बाढ़, जलभराव एवं अतिवृष्टि जैसी परिस्थितियों से निपटने के लिए व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं। जिला कलेक्टर एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अध्यक्ष डॉ. अरूण गर्ग ने 15 जून से 30 सितम्बर तक जिला कलेक्ट्रेट परिसर में 24 घंटे संचालित बाढ़ नियंत्रण कक्ष (फ्लड कंट्रोल रूम) स्थापित करने के आदेश जारी किए हैं। कलेक्ट्रेट के कमरा नंबर 114 में संचालित होने वाले इस नियंत्रण कक्ष को मानसून अवधि के दौरान राहत एवं बचाव कार्यों का मुख्य समन्वय केंद्र बनाया गया है। नियंत्रण कक्ष के लिए दूरभाष नंबर 01592-232237 एवं 1077 निर्धारित किए गए हैं, जहां आमजन किसी भी आपदा अथवा आपात स्थिति की सूचना दे सकेंगे। प्रशासन द्वारा नियंत्रण कक्ष में विभिन्न विभागों के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की चार पारियों में ड्यूटी लगाई गई है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके। जिला कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि मानसून के दौरान प्राप्त होने वाली वर्षा, जलभराव, बाढ़ एवं अन्य प्राकृतिक आपदाओं से संबंधित सूचनाओं का त्वरित संकलन कर संबंधित विभागों तक पहुंचाया जाए। इसके साथ ही जिले के सभी तहसीलदारों को अपने-अपने क्षेत्र में होने वाली वर्षा की दैनिक रिपोर्ट सुबह 8 बजे और शाम 5 बजे जिला नियंत्रण कक्ष को भेजने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा सके और आवश्यक कदम समय रहते उठाए जा सकें।जारी आदेशों के अनुसार नियंत्रण कक्ष में तैनात अधिकारी एवं कर्मचारी बिना अनुमति अवकाश नहीं ले सकेंगे तथा निर्धारित समय से पूर्व कार्यस्थल नहीं छोड़ेंगे। प्रशासन ने मानसून अवधि के दौरान राहत एवं बचाव कार्यों की प्रभावी निगरानी, त्वरित प्रतिक्रिया और विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित करने के लिए विस्तृत रोस्टर भी जारी किया है। प्रशासन की इस पहल को मानसून के दौरान संभावित चुनौतियों से निपटने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे जिले में किसी भी आपदा की स्थिति में राहत एवं बचाव कार्यों को अधिक प्रभावी और तेज बनाया जा सकेगा।










