बैंक लोन के दबाव में टूटा डेयरी संचालक, ट्रेन के आगे कूदकर दी जान

31 लाख के बकाया नोटिस के बाद बढ़ा तनाव, सुसाइड नोट में बैंक प्रेशर का जिक्र

चिड़ावा। झुंझुनूं । अजीत जांगिड़
कर्ज के बोझ और बैंक के कथित दबाव ने एक और परिवार उजाड़ दिया। सूरजगढ़ क्षेत्र के मावंडियों की ढाणी के पास गुरूवार रात एक डेयरी संचालक ने ट्रेन के आगे कूदकर अपनी जान दे दी। मृतक की जेब से मिले सुसाइड नोट में उसने साफ लिखा— “बैंक का लोन नहीं चुका पा रहा हूं, बैंक वालों ने प्रेशर बना रखा है…” घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है, वहीं ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया है।

31 लाख का नोटिस, बढ़ता गया मानसिक दबाव

मृतक विनोद पूनिया (50) निवासी रामरख की ढाणी, उधमपुरा ने डेयरी संचालन के लिए बैंक से करीब 31 लाख 11 हजार रुपए का लोन लिया था। जानकारी के अनुसार, पशुधन में नुकसान और आर्थिक तंगी के चलते वह किश्तें नहीं चुका पा रहा था। बताया जा रहा है कि हाल ही में बैंक की ओर से बकाया राशि का नोटिस दिया गया था, जिसके बाद तनाव और बढ़ गया।

सुसाइड नोट में दर्द: ‘लोस हो रहा है, लोन नहीं चुका पा रहा’

विनोद की जेब से मिले सुसाइड नोट में लिखा मिला कि “मेरे गायों की डेयरी है, उसमें नुकसान हो रहा है। बैंक का लोन नहीं चुका पा रहा हूं। बैंक वाले प्रेशर डाल रहे हैं, इसलिए यह कदम उठा रहा हूं।” यह नोट पूरे घटनाक्रम की दर्दनाक कहानी खुद बयां कर रहा है।

‘पेमेन्ट लेने जा रहा हूं’ कहकर निकला, लौटा शव बनकर

परिजनों के अनुसार, विनोद गुरुवार सुबह घर से यह कहकर निकला था कि वह दूध का भुगतान लेने और पशुओं के लिए चारा लाने जा रहा है। शाम तक घर नहीं लौटने पर चिंता बढ़ी, और रात करीब सवा 9 बजे पुलिस का फोन आया—जिसके बाद परिजन रेलवे स्टेशन पहुंचे, जहां विनोद का शव मिला।

बैंक कर्मियों पर धमकी के आरोप, डिप्रेशन में था विनोद

परिवार का आरोप है कि दो-तीन दिन पहले बैंक मैनेजर और कर्मचारी घर आए थे और किश्त जमा नहीं करने पर पुलिस कार्रवाई की धमकी दी थी। इसी के बाद से विनोद गहरे तनाव में था, गुमसुम रहने लगा था और किसी से ज्यादा बात नहीं करता था।

पुलिस जांच शुरू, बैंक से भी होगी पूछताछ

घटना की सूचना मिलते ही चिड़ावा थाने से एएसआई ओमप्रकाश नरूका मौके पर पहुंचे। पुलिस ने सुसाइड नोट और बैंक के दस्तावेज जब्त कर लिए हैं। शव को उप जिला अस्पताल की मॉर्च्यूरी में रखवाया गया है, जहां मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम कराया जाएगा।

ग्रामीणों में उबाल: बैंक कर्मियों पर कार्रवाई की मांग

घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीण शुक्रवार सुबह चिड़ावा थाने पहुंचे और बैंककर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा। वहीं ग्रामीणों ने मृतक परिवार के लिए पूरा कर्ज माफ करने , परिवार के भरण-पोषण की व्यवस्था करने की मांग उठाई है।

परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

मृतक के पिता आर्मी से रिटायर्ड हैं। परिवार में एक बेटा और एक बेटी पढ़ाई कर रहे हैं। बड़े भाई खेती करते हैं। विनोद की मौत ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है।