कांग्रेस बोली— “भाजपा राज में बच्चों के सपने बिक रहे हैं”
झुंझुनूं।अजीत जांगिड़
देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट-2026 के कथित पेपर लीक मामले ने अब सड़कों पर राजनीतिक विस्फोट का रूप ले लिया है। झुंझुनूं में शुक्रवार को कलेक्ट्रेट के बाहर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भाजपा सरकार और एनटीए के खिलाफ जमकर आक्रोश जताया। “पेपर लीक बीजेपी वीक”, “लाखों बच्चों के सपनों के हत्यारों को फांसी दो” और “केंद्रीय शिक्षा मंत्री इस्तीफा दो” जैसे तीखे नारों के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री का पुतला फूंककर विरोध दर्ज कराया गया। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा शासन में प्रतियोगी परीक्षाएं अब “भ्रष्टाचार और सौदेबाजी का अड्डा” बन चुकी हैं, जहां मेहनत करने वाले छात्र ठगे जा रहे हैं और सत्ता संरक्षित गिरोह मालामाल हो रहे हैं। प्रदर्शन के दौरान माहौल पूरी तरह आक्रामक और सरकार विरोधी नारों से गूंजता रहा।डीसीसी के निवर्तमान प्रवक्ता एवं ओबीसी कांग्रेस जिलाध्यक्ष संतोष सैनी ने भाजपा सरकार पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि नीट पेपर लीक कोई सामान्य घटना नहीं, बल्कि लाखों विद्यार्थियों और उनके परिवारों के सपनों की “सुनियोजित हत्या” है। उन्होंने आरोप लगाया कि लगातार हो रहे पेपर लीक यह साबित करते हैं कि सरकार परीक्षा प्रणाली को बचाने में पूरी तरह विफल रही है। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि जिस परीक्षा के लिए विद्यार्थी वर्षों तक दिन-रात मेहनत करते हैं, उसी परीक्षा की गोपनीयता सत्ता संरक्षण में तार-तार हो रही है। उन्होंने मांग की कि पेपर लीक में शामिल लोगों के साथ-साथ उन राजनीतिक संरक्षणकर्ताओं को भी गिरफ्तार किया जाए, जिनकी मिलीभगत से शिक्षा व्यवस्था शर्मसार हुई है। दर्शनकारियों ने एनटीए की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल उठाते हुए उसकी गवर्निंग बॉडी में बड़े स्तर पर सुधार की मांग की। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार शिक्षा व्यवस्था को संभालने में नाकाम साबित हुई है और युवा वर्ग का भविष्य लगातार अंधेरे में धकेला जा रहा है। कलेक्ट्रेट के बाहर हुए इस प्रदर्शन में डीसीसी के निवर्तमान प्रवक्ता शहबाज़ फ़ारूक़ी, सरपंच राजीव तिलोटिया, मंडल अध्यक्ष शमशाद सिरियासर, शीशरामजी, सुशांत एनएसयूआई, ख़याली राम, विश्वंभर पूनियां, साहिल, राकेश सुंडा, लक्ष्मण सैनी, जितेंद्र कुमावत सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।










