राष्ट्रीय युवक परिषद ने सीएमएचओ को सौंपा ज्ञापन, ग्रामीण क्षेत्रों पर विशेष ध्यान देने की अपील



हनुमानगढ़ । हिमांशु मिढ्ढा
दीपावली त्यौहार नजदीक आते ही बाजारों में मिठाइयों की बिक्री में तेजी आ गई है। इसी बीच राष्ट्रीय युवक परिषद हनुमानगढ़ ने शहर और ग्रामीण इलाकों में बन रही मिठाइयों व उपयोग किए जा रहे घी व तेल की शुद्धता को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। परिषद ने इस संबंध में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) हनुमानगढ़ को जिलाध्यक्ष प्रवीण जैन के नेतृत्व में एक ज्ञापन सौंपकर मिठाइयों, घी, तेल और दूध की जांच करवाने की मांग की है। परिषद के जिलाध्यक्ष एवं सम्भागीय प्रभारी प्रवीण जैन ने ज्ञापन में बताया कि परिषद द्वारा किए गए सर्वेक्षण में पाया गया है कि हनुमानगढ़ टाउन व जंक्शन क्षेत्र के साथ-साथ ग्रामीण इलाकों में दीपावली पर तैयार की जा रही मिठाइयों में मिलावटी मावा और कृत्रिम रंगों का प्रयोग किया जा रहा है। इतना ही नहीं, मिठाई बनाने में उपयोग किए जा रहे घी और तेल की गुणवत्ता भी संदिग्ध पाई गई है, जो स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन सकती है।ज्ञापन में कहा गया कि पिछले वर्षों में परिषद द्वारा उठाए गए मुद्दों पर विभाग द्वारा प्रभावी कार्रवाई की गई थी, जिसके लिए परिषद ने सीएमएचओ को धन्यवाद भी दिया है। इस वर्ष भी परिषद ने मांग की है कि दीपावली से पहले शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में सभी मिठाई दुकानों, हलवाइयों, दूध विक्रेताओं और घी/तेल विक्रेताओं के यहां सघन जांच अभियान चलाया जाए, ताकि उपभोक्ताओं को शुद्ध व गुणवत्तापूर्ण सामग्री मिल सके।परिषद ने विशेष रूप से यह भी आग्रह किया है कि ग्रामीण इलाकों में जहां मिठाइयों व दूध की दुकानों पर जांच अपेक्षाकृत कम होती है, वहां विशेष अभियान चलाकर सैंपलिंग की जाए। साथ ही, मोटरसाइकिल और साइकिल के माध्यम से घर-घर दूध सप्लाई करने वालों की भी दूध जांच की जाए, ताकि मिलावट पर अंकुश लगाया जा सके।परिषद ने प्रशासन को आश्वस्त किया है कि इस अभियान में संगठन के कार्यकर्ता हर संभव सहयोग देने के लिए तैयार हैं। परिषद ने उम्मीद जताई है कि विभाग समय रहते सख्त कार्रवाई करेगा, ताकि त्योहारी सीजन में आमजन को मिलावटमुक्त मिठाइयां और खाद्य सामग्री उपलब्ध हो सके। इस मौके पर कुरडाराम, महेश गोड़, विनोद, हनुमान सिंह शेखावत, पवन सोनी ,ओम प्रकाश, विनोद कुमार प्रजापत ,वीरेंद्र पाल सिंह, राकेश त्यागी, पुरुषोत्तम जैन अन्य सदस्य मौजूद थे।














