एसडीएम रामकरण सिंह और आरएएस शिवा चौधरी ने किया प्रत्याशियों की शंकाओं का समाधान , नामांकन से लेकर जरूरी दस्तावेजों तक समझाए निर्वाचन के नियम
झुंझुनूं ।अजीत जांगिड़
पंचायती राज चुनावों को लेकर जिले में राजनीतिक सरगर्मियां तेज होने लगी हैं। गांवों की सरकार में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने की तैयारी कर रहे भावी प्रत्याशियों ने अब चुनावी प्रक्रिया को समझना शुरू कर दिया है। इसी कड़ी में शनिवार को जिला मुख्यालय स्थित सूचना केंद्र सभागार सहित संबंधित पंचायत समिति मुख्यालयों पर प्रत्याशी प्रबोधन कार्यशालाओं का आयोजन किया गया। जिला स्तरीय कार्यशाला में 137 भावी प्रत्याशियों ने भाग लेकर नामांकन प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेजों और निर्वाचन नियमों की जानकारी हासिल की।
कार्यशाला में प्रशासन का फोकस इस बात पर रहा कि चुनाव लड़ने के इच्छुक व्यक्ति नामांकन प्रक्रिया की प्रत्येक बारीकी को समझें और दस्तावेजों की कमी अथवा तकनीकी त्रुटियों के कारण परेशानी से बच सकें। पंच, सरपंच, पंचायत समिति सदस्य और जिला परिषद सदस्य पदों के लिए चुनाव लड़ने के इच्छुक प्रतिभागियों को नामांकन पत्र भरने से लेकर जरूरी औपचारिकताएं पूरी करने तक की जानकारी दी गई।
एसडीएम रामकरण सिंह और शिवा चौधरी ने सुलझाईं शंकाएं
जिला स्तरीय कार्यशाला में झुंझुनूं उपखंड अधिकारी रामकरण सिंह और आरएएस शिवा चौधरी ने प्रत्याशियों के सवालों का जवाब देकर उनकी शंकाओं का समाधान किया। निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर जानकारी देते हुए अधिकारियों ने प्रत्याशियों को नियमों और निर्धारित प्रक्रियाओं के अनुरूप तैयारी करने का मार्गदर्शन दिया।
कार्यशाला में अधिकारियों की ओर से दिए गए मार्गदर्शन का उद्देश्य भावी प्रत्याशियों को नामांकन प्रक्रिया के प्रति जागरूक करना और चुनाव संबंधी औपचारिकताओं को लेकर उनकी शंकाएं दूर करना रहा। चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे लोगों के लिए यह कार्यशाला नामांकन से पहले प्रक्रिया को समझने का अवसर बनी।
नामांकन पत्र में छोटी चूक भी बन सकती है परेशानी
मुख्य कार्यकारी अधिकारी परशुराम धानका ने बताया कि कार्यशाला में पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव लड़ने के इच्छुक व्यक्तियों को नामांकन प्रक्रिया, जरूरी दस्तावेजों और निर्वाचन संबंधी नियमों की विस्तृत जानकारी दी गई। जिला स्तरीय कार्यशाला में डीएलएमटी सुरेंद्र डूडी ने नामांकन पत्र भरने के विभिन्न चरणों को समझाया। उन्होंने बताया कि नामांकन पत्र में मांगी गई जानकारी सही तरीके से भरना, सभी आवश्यक प्रविष्टियों की जांच करना और निर्धारित दस्तावेज संलग्न करना जरूरी है।
इसके साथ ही घोषणा-पत्र, शपथ-पत्र तथा अन्य आवश्यक औपचारिकताओं की जानकारी भी दी गई। प्रतिभागियों को नामांकन पत्र जमा कराने से पहले उसमें दर्ज विवरणों और संलग्न दस्तावेजों की सावधानीपूर्वक जांच करने की सलाह दी गई। कार्यशाला में नामांकन के दौरान होने वाली संभावित गलतियों, दस्तावेजों की कमी और निर्धारित नियमों की पालना से जुड़े बिंदुओं पर भी चर्चा की गई। कार्यशाला में प्रशिक्षण प्रकोष्ठ के प्रभारी एवं अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी रामनिवास सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
अधिकारियों ने निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े नियमों और औपचारिकताओं को समझने की आवश्यकता पर जोर दिया। पंचायती राज चुनावों की तैयारियों के बीच आयोजित इस कार्यशाला को भावी प्रत्याशियों को नामांकन प्रक्रिया की जानकारी देने की प्रशासनिक पहल के रूप में देखा जा रहा है। इससे चुनाव लड़ने के इच्छुक लोगों को निर्धारित प्रक्रिया के अनुरूप दस्तावेज तैयार करने और नामांकन संबंधी औपचारिकताओं को समझने में मदद मिलेगी।












