50 हजार का इनामी साजिशकर्ता सुरेश मुवाल गिरफ्तार, सुनिल सुण्डा हत्याकांड में पुलिस को बड़ी सफलता

पहले ही 5 आरोपी जेल में, हथियार व कार बरामद, गैंगवार और जमीन विवाद से जुड़ा है सनसनीखेज मामला

झुंझुनूं । अजीत जांगिड़
अजीत जांगिड़जिले के गोठड़ा थाना क्षेत्र में हुए चर्चित सुनिल सुण्डा हत्याकांड में पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। करीब चार महीने से फरार चल रहे 50 हजार रुपए के इनामी आरोपी सुरेश कुमार मुवाल को पुलिस ने आखिरकार गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी इस हत्याकांड की साजिश में शामिल था और अलग-अलग राज्यों में फरारी काट रहा था। यह कार्रवाई महानिरीक्षक पुलिस जयपुर रेंज राहुल प्रकाश के निर्देशन और झुंझुनूं पुलिस अधीक्षक कावेन्द्र सिंह सागर के सुपरविजन में गठित टीम द्वारा की गई। पुलिस टीम ने मानवीय आसूचना के आधार पर आरोपी को सीकर से पकड़कर प्रकरण में गिरफ्तार किया।

गैंगवार में गई थी जान, 50 लाख की सुपारी का आरोप

घटना 12 दिसंबर 2025 की है, जब कैमरी की ढाणी खिरोड़ में जमीन विवाद को लेकर गैंगवार हुई थी। परिवादी ओमप्रकाश सुण्डा के अनुसार, उनका बेटा सुनिल सुण्डा मौके पर मौजूद था, तभी कार में आए बदमाशों ने फायरिंग शुरू कर दी। गोली लगने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। रिपोर्ट में आरोप लगाया गया कि श्रवण भादवासी और उसके साथियों ने रंजिश के चलते 50 लाख रुपए की सुपारी देकर इस हत्याकांड को अंजाम दिलवाया।

पहले ही 5 आरोपी गिरफ्तार, हथियार जब्त

पुलिस ने मामले में पहले ही पिंटू भिचरी, हिस्ट्रीशीटर राजू अठवास , नन्दूसिंह उर्फ नन्दू फौजी , आसीफ अली , श्रवण कुमार को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया है।आरोपियों के कब्जे से एक पिस्टल, एक देशी कट्टा, एक खाली कारतूस और घटना में प्रयुक्त स्विफ्ट डिजायर कार भी जब्त की जा चुकी है। सुरेश मुवाल घटना के बाद से फरार चल रहा था और लगातार ठिकाने बदल रहा था। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार प्रयासरत थीं। आखिरकार 19 अप्रैल 2026 को उसे दबोच लिया गया। इस सफलता में थाना गोठड़ा व नवलगढ़ की संयुक्त टीम की विशेष भूमिका रही। टीम में शामिल अधिकारियों और जवानों ने लगातार निगरानी और सूचना तंत्र के जरिए आरोपी तक पहुंच बनाई। इस कार्रवाई के साथ ही पुलिस ने स्पष्ट संदेश दिया है कि संगीन अपराधों में शामिल आरोपियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा और कानून से बचना नामुमकिन है।