गुढ़ागौड़जी । झुंझुनूं । अजीत जांगिड़
पंचायत समिति क्षेत्र के ग्राम बामलास, हुकुमपुरा, खेदड़ों की ढाणी एवं खरबासों की ढाणी में अवैध खनन और अत्यधिक ब्लास्टिंग के विरोध में चल रहा धरना 38वें दिन भी कड़ाके की ठंड के बीच लगातार जारी रहा। खनन विभाग, पुलिस प्रशासन व धरनार्थियों के बीच हुई वार्ता एक बार फिर बेनतीजा रहने से ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त है। धरनार्थियों का एक प्रतिनिधिमंडल एडवोकेट जयंत मूंड के नेतृत्व में दिल्ली स्थित राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी रालोपा के सांसद हनुमान बेनीवाल से मिला और उन्हें पूरे मामले से अवगत कराया। प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि खनन लीज क्षेत्रों में की जा रही भीषण ब्लास्टिंग से आसपास के 200 से अधिक मकानों में गहरी दरारें आ चुकी हैं तथा 40 से ज्यादा ट्यूबवैल ध्वस्त हो गए हैं। जिससे क्षेत्र में गंभीर पेयजल संकट उत्पन्न हो गया है। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि दिन-रात चल रही भारी मशीनरी के कारण धूल-प्रदूषण, कंपन और शोर से आमजन का जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों के स्वास्थ्य पर इसका गंभीर प्रभाव पड़ रहा है, लेकिन इसके बावजूद संबंधित विभागों द्वारा कोई प्रभावी कार्यवाही नहीं की जा रही है। इस दौरान उदयपुरवाटी क्षेत्र के ग्राम गिरावड़ी में भैरु जी की बणी में पावर ग्रिड कंपनी द्वारा पिलर्स लगाने के लिए हजारों पेड़ों की कटाई का मुद्दा भी सांसद के समक्ष रखा गया। जहां पिछले एक माह से ग्रामीणों का धरना जारी है। सांसद ने दोनों मामलों को गंभीरता से सुनते हुए अवैध खनन, नियमों के उल्लंघन, अत्यधिक ब्लास्टिंग और पर्यावरण विनाश के प्रकरणों को लोकसभा में प्रमुखता से उठाने तथा उच्च स्तरीय जांच की मांग करने का आश्वासन दिया। प्रतिनिधिमंडल में पूर्व सरपंच दारासिंह मेघवंशी, प्रदीप यादव, लीलाधर मीणा एवं बंटी नेहरा उपस्थित रहे।
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