भीषण गर्मी में राहत: मनरेगा कार्यों का समय बदला, अब सुबह 6 से दोपहर 1 बजे तक होगा काम

झुंझुनूं ।अजीत जांगिड़

जिले में पड़ रही भीषण गर्मी को देखते हुए प्रशासन ने मनरेगा श्रमिकों को राहत देने के लिए बड़ा फैसला लिया है। राज्य सरकार के निर्देशों की पालना में महात्मा गांधी नरेगा योजना के तहत संचालित सभी कार्यों का समय 24 अप्रैल 2026 से प्रातः 6 बजे से दोपहर 1 बजे तक (बिना विश्राम काल) निर्धारित किया गया है। यह व्यवस्था आगामी आदेशों तक प्रभावी रहेगी। महात्मा गांधी नरेगा अधिनियम 2005 की अनुसूची-1 के पैरा-19 के अनुसार सामान्यतः 8 घंटे की कार्य अवधि, जिसमें 1 घंटे का विश्राम शामिल होता है, निर्धारित है। लेकिन तापमान में लगातार बढ़ोतरी को देखते हुए श्रमिकों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए समय में यह बदलाव किया गया है। जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी कैलाश चंद्र यादव ने बताया कि यदि कोई श्रमिक समूह निर्धारित टास्क के अनुसार कार्य को तय समय से पहले पूरा कर लेता है, तो कार्य का मापन मेट के पास उपलब्ध मस्टररोल में दर्ज टास्क प्रपत्र में करवाना होगा। इसके बाद समूह के मुखिया के हस्ताक्षर सहित एनएमएमएस की निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार दूसरी पारी की हाजिरी दर्ज कराकर श्रमिक कार्य स्थल छोड़ सकते हैं। प्रशासन के इस निर्णय से तेज धूप और लू के बीच काम करने वाले हजारों श्रमिकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।