लाइसेंसधारी ठेकेदार ने जिला कलेक्टर से टेंडर निरस्त कर दोबारा जारी करने की मांग की
हनुमानगढ़।हिमांशु मिढ्ढा
पीलीबंगा नगरपालिका द्वारा कार्य टेंडर प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए एक लाइसेंसधारी ठेकेदार ने जिला कलेक्टर को शिकायत पत्र सौंपा है। प्रार्थी मोहन लाल पुत्र श्री मोटाराम, निवासी मंडी पीलीबंगा, जो नगरपालिका का पंजीकृत ठेकेदार है, ने आरोप लगाया कि नगरपालिका प्रशासन ने निष्पक्ष टेंडर वितरण की बजाय अपने चहेते ठेकेदारों को लाभ पहुंचाने की कोशिश की है।मोहन लाल के अनुसार, नगरपालिका पीलीबंगा ने आज कार्य करवाने हेतु टेंडर आमंत्रित किए थे। इस संबंध में उन्होंने अधिशासी अधिकारी (कार्यभार) अरुण मित्तल को टेंडर कॉपी (आवेदन पत्र) प्राप्त करने के लिए एक प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया, जिसे 12 अगस्त 2025 को रिसीव नंबर 281 के तहत दर्ज भी किया गया। इसके बावजूद, सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक कार्यालय में मौजूद रहने के बाद भी उन्हें टेंडर कॉपी उपलब्ध नहीं कराई गई।प्रार्थी का आरोप है कि पालिका अध्यक्ष ने अपने निकटस्थ ठेकेदारों को ही टेंडर कॉपी दी, जिससे वे मनमाने और ऊंचे रेट भरकर टेंडर हासिल करेंगे। उनका कहना है कि यह प्रक्रिया न केवल प्रतिस्पर्धा को खत्म करती है, बल्कि इससे नगरपालिका कोष को अनावश्यक वित्तीय नुकसान भी होगा। मोहन लाल ने दावा किया कि वे 15 प्रतिशत कम दर पर कार्य करने को तैयार थे, जिससे नगरपालिका को लाभ होता, लेकिन उन्हें अवसर नहीं दिया गया।शिकायतकर्ता का कहना है कि यह टेंडर किसी भी योग्य ठेकेदार के लिए खुला होना चाहिए था, किंतु पालिका अध्यक्ष ने नियमों की अनदेखी करते हुए पक्षपातपूर्ण तरीके से केवल अपने चहेते ठेकेदारों को ही टेंडर दिया। उन्होंने यह भी बताया कि जब उन्होंने उपखंड अधिकारी पीलीबंगा को शिकायत सौंपी, तो वहां भी प्रार्थना पत्र लेने से मना कर दिया गया।मोहन लाल ने जिला कलेक्टर से मांग की है कि वर्तमान टेंडर प्रक्रिया को निरस्त कर, नियमों के अनुसार पुनः टेंडर जारी किए जाएं, ताकि सभी इच्छुक ठेकेदारों को समान अवसर मिल सके और नगरपालिका कोष को नुकसान से बचाया जा सके। उन्होंने उम्मीद जताई कि प्रशासन इस मामले में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करेगा।