जीबी मोदी पब्लिक स्कूल की खनक अग्रवाल ने राज्य स्तरीय मंच पर दिखाई प्रतिभा, जिले का बढ़ाया मान
झुंझुनूं । अजीत जांगिड़
प्रतिभा जब अवसरों से मिलती है तो छोटे शहरों के सपने भी राज्य स्तरीय मंचों पर नई पहचान बना लेते हैं। ऐसा ही गौरवपूर्ण क्षण उस समय देखने को मिला, जब झुंझुनूं के जीबी मोदी पब्लिक स्कूल की छात्रा खनक अग्रवाल ने जयपुर बाल महोत्सव 2026 में भाग लेकर पूरे जिले का प्रतिनिधित्व किया और अपनी रचनात्मक प्रस्तुति से सभी का ध्यान आकर्षित किया। राजस्थान की राजधानी जयपुर के सांगानेर स्थित पिंजरापोल गौशाला परिसर में 4 से 6 मई तक आयोजित तीन दिवसीय जयपुर बाल महोत्सव में प्रदेशभर से आए बच्चों ने अपनी प्रतिभा, कला, संस्कृति और स्थानीय पहचान का भव्य प्रदर्शन किया। इस राज्य स्तरीय आयोजन में झुंझुनूं की ओर से प्रतिभागी बनी खनक अग्रवाल ने जिले की सांस्कृतिक विरासत, परंपराओं और स्थानीय विशेषताओं को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत कर जिले का गौरव बढ़ाया। महोत्सव के दौरान विभिन्न जिलों से आए प्रतिभागियों ने झांकियों, रचनात्मक स्टॉल, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और लाइव एक्टिविटी के माध्यम से अपने-अपने क्षेत्रों की कला, पर्यटन, जीवनशैली और परंपराओं को मंच पर उतारा। आयोजन बच्चों के लिए केवल प्रतियोगिता नहीं, बल्कि अपने क्षेत्र को नए नजरिए से समझने और उसे दुनिया के सामने प्रस्तुत करने का एक प्रेरणादायक मंच बनकर उभरा। प्रतिभागी खनक अग्रवाल ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि इस महोत्सव ने उन्हें अपने जिले की विशेषताओं को और करीब से जानने तथा उसे रचनात्मक तरीके से प्रस्तुत करने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि ऐसे मंच बच्चों में आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और नई सोच विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। जीबी मोदी पब्लिक स्कूल परिवार ने भी खनक की उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त करते हुए इसे विद्यालय के लिए गर्व और सम्मान का क्षण बताया। विद्यालय प्रबंधन ने कहा कि विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ-साथ सांस्कृतिक, सामाजिक और रचनात्मक गतिविधियों में आगे बढ़ाने के लिए निरंतर प्रोत्साहित किया जा रहा है। महोत्सव के समापन समारोह में सभी प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। इससे बच्चों में नई ऊर्जा, उत्साह और भविष्य में बेहतर करने का आत्मविश्वास जागृत हुआ।डिजिटल बाल मेला की संस्थापक जान्हवी शर्मा ने बताया कि जयपुर बाल महोत्सव का उद्देश्य बच्चों में स्थानीय पहचान, नवाचार सोच और उद्यमशीलता की भावना विकसित करना है, ताकि वे अपने परिवेश को समझते हुए समाज और क्षेत्र के विकास में सकारात्मक योगदान दे सकें।
चूरू से महिला कांग्रेस का बड़ा अभियान, PM को भेजे जाएंगे 10 लाख पोस्टकार्ड
रतननगर में 540 मरीजों का मुफ्त इलाज, 32 साल से चल रहा मिर्गी शिविर
चूरू में BJP की जीत का जश्न, गढ़ चौराहे पर आतिशबाजी और मिठाई















