झुंझुनूं में एसडीएम को सौंपा ज्ञापन, 18 मई को रामगंज मंडी में होगी विशाल रैली
झुंझुनूं। अजीत जांगिड़
राजस्थान में ग्रीष्मकालीन अवकाश में कटौती के फैसले के खिलाफ शिक्षकों का आक्रोश अब सड़कों पर उतरने लगा है। राजस्थान शिक्षक संघ सियाराम, ब्लॉक झुंझुनूं के बैनर तले बुधवार को शिक्षकों ने प्रदेश स्तरीय आंदोलन के दूसरे चरण में उपखंड अधिकारी झुंझुनूं को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर सरकार के फैसले को “अव्यावहारिक और अन्यायपूर्ण” करार दिया। ब्लॉक अध्यक्ष रतिराम धींवा ने सरकार के 2026-27 शैक्षणिक कैलेंडर पर सवाल उठाते हुए कहा कि ग्रीष्मकालीन अवकाश में 10 दिन की कटौती करना राजस्थान जैसे अत्यधिक गर्म प्रदेश में न केवल तर्कहीन है, बल्कि यह शिक्षकों और विद्यार्थियों दोनों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ है। उन्होंने चेतावनी दी कि जून की भीषण गर्मी में विद्यालय संचालन किसी जोखिम से कम नहीं होगा। संघ ने यह भी आरोप लगाया कि अवकाश कटौती के बदले न तो उपार्जित अवकाश दिया गया है और न ही किसी प्रकार की आर्थिक प्रतिपूर्ति का प्रावधान किया गया है, जो शिक्षकों के साथ “दोहरा अन्याय” है। वहीं, प्रधानाचार्य स्तर पर घोषित अवकाश में एक दिन की कटौती को भी संघ ने “अतार्किक और अनुचित” बताया।
जिला अध्यक्ष अशोक कुल्हरी ने साफ शब्दों में कहा कि यह विरोध महज शुरुआत है। उन्होंने बताया कि संघ ने चरणबद्ध आंदोलन की रणनीति तैयार कर ली है— 8 अप्रैल: उपखंड स्तर पर ज्ञापन , 20 अप्रैल: जिला कलेक्टर के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन और 18 मई: शिक्षा मंत्री के विधानसभा क्षेत्र रामगंज मंडी (कोटा) में प्रदेश स्तरीय विशाल सांकेतिक रैली की जायेगी I इस दौरान प्रदेश संरक्षक मंडल सदस्य रणवीर गोदारा, प्रदेश उपाध्यक्ष सुबेन्द्र बिजारणिया, विशेष आमंत्रित सदस्य महेंद्र सिंह पूनिया, जिला महिला मंत्री सरोज धायल, ब्लॉक मंत्री विकास बुडानिया, अलसीसर ब्लॉक अध्यक्ष संदीप पायल, लीलाधर चाहर, शेर सिंह, विनोद भडि़या, मुकेश धायल सहित बड़ी संख्या में शिक्षक और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
भाजयुमो की विशेष बैठक आयोजित | 21 अप्रैल को ‘संकल्प दिवस’, सगत सिंह प्रतिमा का अनावरण
Ramavatar Palsania के बयान का जाट महासभा ने किया विरोध | चरण सिंह पर टिप्पणी को लेकर FIR की मांग
APS Academy Play School का भव्य शुभारंभ | विधायक हरलाल सहारण रहे मुख्य अतिथि














